कहते है मोहब्बत जिंदगी में आँधी की तरह आती है और लहर बनकर चली जाती है। जब मोहब्बत हो जाती है तब ये सोचने को भी वक्त नहीं मिलता की कोई अजनबी दिल के इतने करीब कैसे आ जाता है। वही तो प्यार होता है जहा हर इंसान कुछ बिना सोचे ही फैसला कर लेता है ।
यह कहानी है एक ऐसी लड़की की जो खुद के जिंदगी में इतना खुश थी की उसे किसी और के प्यार जरूरत ही नहीं थी । ना किसी के प्यार की चाहत थी उसे न किसी के साथ की बस हमेशा सोचा करती थी जिंदगी में हमेशा खुश कैसे रहे ओर दुसरो को कैसे खुश रखे।
मेहर का मेडिकल कॉलेज में पहिला दिन था। अपनी स्कूटर से वह कॉलेज जा रही थी अचानक उसका एक भीड़ से सामना हुआ। वहा ४ लोग मिलकर एक लडके को मार रहे थे। मेहर ने वो जब देखा तब उससे रहा नहीं गया क्योकि सब लोग तमाशा देख रहे थे कोई उस लड़के की मदत के लिए आगे नहीं आ रहा था। तब मेहर सोच में पड गयी अब इसको कैसे बचाया जाये ? क्योकि किसीको मरने के लिए अपने आखो के सामने छोड़ दे यह उसके उसूलो के खिलाफ था। मेहर ने वक्त बर्बाद ना करते हुए पुलिस को मदत के लिए बुलाया और जब तक पुलिस नहीं आयी तब तक अपने हेलमेट और बैग से सबको धूल चटाई | पुलिस आने के बाद सब बदमाश भाग गए। लड़का खून में भीगा था और उसके हाथ और सर पर लगी थी | मेहर ने अपना दुपटा निकाला और उसके सर बार बांध दिया।
मेहर ने उसे उठाया और पाणी पिलाया और अपनी स्कूटर पर बिठाकर डायरेक्ट कॉलेज अपने कॉलेज के रस्ते पर निकल पड़ी। उसने कभी सोचा नहीं था उसका पहला कॉलेज का दिन इस तरह practical knowledge के साथ पूरा होगा। गाड़ी पर वो लड़का बोल रहा था प्लीज तुम मेरे लिए अपनी जान खतरे में मत डालो वो लोग तुम्हे भी मार डालेंगे|
मेहर ने कहा, "तुम अपनी बकवास बंद करो और चुपचाप बैठे रहो वैसे भी उन लोगो ने मेरा चेहरा नहीं देखा मैंने दुपटा बांधा था So you don't worry"
क्या मै तुम्हे Mr. फट्टू बुलाऊ या तुम्हारा कोई नाम है।
वो बोला ,"You can call me रेवान "
मेहर ,"Nice name!"
आपने तो मेरा नाम भी नहीं पूछा, चलो कोई बात नहीं हम हमारा introduction खुद ही करवा देते है |
"कभी कभी लोग मुझे झांसी की रानी भी कहते है या मुझे प्यार से मेहर भी बुलाते है "
"अब मुझे ये बताओ ये लोग तुम्हारे साथ इतने प्यार से होली क्यों खेल रहे थे "|
रेवान ,"बहुत लंबी स्टोरी है बाद में बताऊँगा।"
मेहर ," यार तू short में भी तो बता सकता है ना। "
रेवान मन ही मन में ,"यहाँ इतना प्रॉब्लम चल रहे है और ये लड़की को नाम और स्टोरी की पड़ी है, "
"फिर कभी बताऊँगा ।"
मेहर,"I know, What you are thinking about me!"
"बस तू इतना समझ ले टेंशन में टेंशन को बढाकर टेंशन को कम नहीं कर सकते So chill यार "
"चलो फाइनली कॉलेज पहुंच गये "
रेवान मन ही मन में ,"पता नहीं इस लड़की में ऐसी क्या बात है ना किसीसे डरती है ना इसकी बाते समझ आती है बस अपनी ही दुनिया में खोई रहती है।"
मेहर ने डायरेक्ट कॉलेज के OPD के पास जाकर स्कूटी रुका दी और डॉक्टर को देखते हुए हवा के झोके की तरह वहा से ही चिल्लाई "Doctor please stop. Here is an emergency"
सभी लोग देखने लगे और सोचने लगे इतने जोरो से किसका लाउडस्पीकर चल रहा है|
मेहर दौड़ते हुए डॉक्टर के पास पहुंची और रेवान की हालत के बारे में बताने लगी|
डॉक्टर ने मेहर से कहा, बेटा "please cool down" "हम उन्हें चेक करते है"|
डॉक्टर ने रेवान को एडमिट कर लिया। पूरा treatment complete हो गया। रेवान के हातो में गहरा फ्रैक्चर होने के कारण प्लास्टर लगाना पड़ा। मेहर का फर्स्ट डे ऐसेही चला गया था उसके बावज़ूक भी वो बहुत खुश थी क्योकि डॉक्टर ने बोला था रेवान जल्द से जल्द ठीक हो जाएगा। रेवान को मिलने के लिये मेहर रूम नंबर 10 में चली गयी। जब मेहर रूम में पहुंची तो उसने देखा रेवान की आखों में पानी था। नजाने उसकी आँखो में पानी देखकर उससे रहा नही गया और बाहर आकर रोने लगी।आखो की नमी छुपाते हुए उसने रूम में प्रवेश किया।
मेहर,"अरे वाह ! हात में प्लास्टर लगाये मस्त a.c में लेटे हुये तुम तो जन्नत की सैर कर रहे हो कभी हम गरीब लोगो के बारे में भी सोच लिया करो। "
रेवान ,"अब क्या करु मोहतरमा वैसे तो सच मुच की जन्नत में जाने का चांस था पर तुमने वक्त पर आकर सब गड़बड़ कर दी बस अब इसीमे adjust कर रहा हु। "
मेहर,"चल अब बाते ना बना और हमारे होते हुये किसीकी इतनी मजाल जो तुम्हे हात भी लगाये वरना हम उसके हात ना कलम करवा दे।"
रेवान ,"वाह ! मोहतरमा तुम तो cutting का भी साइड business भी करती हो क्या? "
"चल पहले तु ये बता बाहर जा कर क्यों रो रही थी वैसे तो बहुत philosophy करती रहती है फिर तुझे तब क्या हुआ? "
मेहर ," रो नहीं रही थी सिर्फ आखो में कुछ चला गया था "
रेवान ,"तुम झूठ भी बोलती हो | कभी कभी सच भी बोल दिया करो "
मेहर ,"नहीं यार! तेरे आखो में पानी देखकर पता नहीं आसु कैसे आ गये "
"पर अब तू बता तू क्यों रो रहा था ?"
रेवान,"मै तो इस situation के कारण परेशान था इसलिए "
"पर तू तो इतनी strong बनी फिरती है तो तब क्या हुआ "
मेहर,"छोड़ मेरा पहले ये बता ये चककर क्या है "
रेवान ,"actually पहले की बात है मेरे पापा ने बहुत विश्वास के साथ अपने जिगरी दोस्त के साथ जमीन ली थी। सब ठीक चल रहा था | पर कुछ दिन बाद पापा के दोस्त ने दगाबाजी करके पूरी जमीन अपने नाम पर कर ली। इसी कारन पापा भी चल बसे और हमारा सब कुछ चला गया| हम लोग रास्ते पर आ गये ।
एक घर के अलावा हमारे पास कुछ भी नहीं था । पापा के दोस्त ने कही से जाली पेपर बनवाये और उस पेपर में लिखा था उसे बाकि के २ लाख देना है।ये सब उसने अपनी चालाकी से पैसे हड़पने के लिये किया था। पेपर में लिखा था ज़मीन का पैसा बाकि है तब मुझे कुछ भी समझ नहीं आ रहा था ये क्या हो रहा है। मै मकान भी बेच नहीं सकता था कयोंकि अपनी माँ को लेकर मै कहा जाता।
फिर सोचा की मै सामना करूँगा तब planning के साथ वहा गया और मेरे हात मे recording लगी जिसमे साफ साफ उसकी आवाज में कहा था की हमारी जमीन भी उसने धोके से ली थी और पैसा भी धोके से लेना चाहता है। वैसेही मै पुलिस स्टेशन पंहुचा पर कोई फायदा नहीं हुआ। क्योकि उसने पहले से ही उनको ख़रीद लिया था। पर मैंने पहले से ही एक्स्ट्रा कॉपी बनाई थी और ये बात उसे पता गयी इसलिए वो मेरी जान के पीछे पड़ा है।"
मेहर," अब सब चक्कर समझ में आया पर तुम अब एक काम करो वो कॉपी मुझे दे दो मेरे पापा कमिश्नर है। मै सब ठीक करवा दूँगी । उतना तो भरोसा करते ही होंगे।"
रेवान ,"नहीं यार भरोसे की बात नहीं पर मै खुद नहीं चाहता की मेरे वजह से फिर से तुम्हे ओर कोई तकलीफ हो जाये वैसेही तुमने मेरे लिए अपनी जान की परवाह न करते हुए मेरी जान बचाई है ।"
मेहर ,"अब इतना सेंटी मत हो 30 मिनिट में सब ठीक कर दूँगी । "
रेवान, "नहीं प्लीज "
मेहर ने पापा को फ़ोन लगाया और सब बात बताई । ५ मिनिट में पुलिस वह आ चुकी थी। रेवान बयान ले लिया गया। और 25 मिनिट तक रेवान के पापा के दोस्त सहित सभी मारने वाले लोग गिरफ्तार हो चुके थे।
मेहर के पापा ने अपनी बेटी की प्रशंसा की और वो चले गये।
मेहर,"देख बेटा ३० मिनिट इसलिए कहा था की 25 मिनिट पूरी procedure में चले गये और बचे 5 मिनिट मैंने मेरे काम के लिए बचाये। "
"जिंदगी कभी दुसरो के लिए जी कर देखो कितना सुकून मिलता है। "
रेवान सिर्फ उसकी तरफ देखता ही गया और वो बाते करती गयी। 2 घंटे पहले उसकी जो जिंदगी थी वो किसीके आने से इतनी बदल गयी थी। उसे अब सब खूबसूरत लगने लगा था। जैसे प्यार का पहला इशारा मिलने लगा था|
मेहर बाते करती रही और वो उसीकी बातो में कहि खो सा गया। और सोच में डूब गया की जो लड़की की बातो से उसे इतनी चीड़ आ रही थी नजाने वो बाते अपनी सी क्यों लगने लगी। यही वो पल होता है कोई अनजाना अजनबी अपना सा लगने लगता है।
मेहर,"ये 1970 के हीरो तू कहा खो गया। तुझसे कुछ पूछ रही हु।"
"अरे क्या आप मुझे बताओंगे मार खाने के अलावा आप कुछ करते हो।"
रेवान, "मेरा यही के autonomous कॉलेज में फाइनल इयर मैकेनिकल इंजीनियरिंग सुरु है।"
मेहर, "That's great"
चलो अब हम निकलते है हमारा कॉलेज का फर्स्ट डे तो ख़तम हो गया।
"Bye Bye and Take a rest"
रेवान ने उसका हात पकड़ लिया और बोला,
"मेहर मत जाओ ना।"
मेहर शर्माकर ,"क्यों"
रेवान, "ऐसेही, अब ख़ामोशी में रहने का मन नहीं करता।"
मेहर, "अब तो बहुत दिनों का साथ है। क्योकि रोज कॉलेज तो यही आना पड़ेंगा।
चलो अब bye........
मेहर भी घर जाते वक्त सिर्फ उसी के बारे में सोच थी।
और हॉस्पिटल में रेवान दीवाना हुए जा रहा था।
दूसरे दिन से दोनों हॉस्पिटल में मिलने लगे। बाते होने लगी और कुछ ही दिनों में दोनों में अछि दोस्ती हो गयी।
रेवान को समझ नहीं रहा था ये प्यार है या दोस्ती क्योकि वो जब भी आखे खोलता तब उसे ही पाता और आखे बंद करता तो उसीके सपने सजता। यह प्यार का एहसास उसे धीरे धीरे होने लगा था। पर डरता था कही मेहर बुरा ना मान जाये।
मेहर का हाल भी वही था। रोज सुबह उठकर उसके.खाना बनाती। बेवजह कभी कभी सपनो सपनो में खो जाती थी।
कुछ तो था जो दोनों को एक डोर से बांधे रखता था।
रेवान को एहसास हो चूका था की वो मेहर से प्यार करने लगा है। फिर उसने एक दिन वो आने से पहले अपने रूम में टेबलेट्स और इंजेक्शंस की मदत से एक टेबल पर I love you लिख दिया और साइड में कैंडल्स जला कर surprise रेडी कर लिया। ईतने romantic माहौल में सिर्फ ड्रिंक्स की कमी थी जो भी रेवान ने आईडिया से पूरी कर दी। उसने दो गिलास रख दिये ओर उसकी एप्पल जूस की बोतल रख दी।और जो प्रिस्क्रिप्शन रिपोर्ट पर अपना पहला लव लेटर लिख दिया। उसमे ऎसा लिखा था।
To,
My dear jhasi ki rani,
तुम्हारे साथ रहते हुये हम कब आपको दिल दे बैठे।
तेरी हर इक अदा के हम इसतरह दिवाने हो गये ।
दिल समझता नहीं अब बाते मेरी।
हॉस्पिटल में बहुत याद आती है तेरी।
इस इंजेक्शन और टेबलेट्स कसम खा कर कहता हु।
तेरे हि खयालो में हमेशा खोया रहता हु।
तू माने या ना माने अभी।
सच्चा प्यार तो सिर्फ तुम्ही से ही करता हु।
Love You.......
बंदा सर कलम करवाने के लिए तैयार है।
From,
Mr. फट्टू
रेवान के मन में सो तरह के सवाल चल रहे थे। मेहर उसी वक्त वहा आयी दरवाजा खोलने के लिए नॉक करना चाहा तो दरवाजा खुला ही था। उसने कमरे में देखा तो लाइट्स बंद थी। जब कमरे के अन्दर झुकी तो उसने देखा कैंडल्स जल रही थी। उसने रोशनी देखकर टेबल के पास पहुंची तो उसने वहा टेबलेट्स और इंजेक्शन से लिखा I Love You देखा और लेटर पढ़ा। यह सब देखकर वो surprise हो गयी। वो रेवान को ढूढ़ने लगी। रेवान रैक के पीछे छुपा था। मेहर जोर से चिल्लाई यह सब क्या लगा कर रखा है। तुम जल्दी बाहर निकलो वरना मै वहा आ जाऊँगी।
रेवान घबराते हुये बाहर आया और बोला "I am so sorry if I hurt you"
मेहर, "तुमने यह नहीं सोचा की तुम अगर ऐसा करोंगे तो मै इसी इंजेक्शन से तुम्हारा कचुम्बर बना दूँगीI"
रेवान कुछ नहीं बोला।
मेहर, "oyye फट्टू तू फिर डर गया।"
मेहर ने उसके पास जाकर कहा, "इडियट! I love you too सिर्फ तू ही समझ नही पाया।"
"इतना खूबसूरत surprise मेरे लिए किसी ने प्लान नही किया।" "Thank you so much for everything."
रेवान, "ये मेरी जिंदगी है ही नही जब से तुमने इस जान को बचाया है तब से ये जान तो सिर्फ तुम्हारी ही हो गयी है।"
"इतना खूबसूरत surprise मेरे लिए किसी ने प्लान नही किया।" "Thank you so much for everything."
रेवान, "ये मेरी जिंदगी है ही नही जब से तुमने इस जान को बचाया है तब से ये जान तो सिर्फ तुम्हारी ही हो गयी है।"
इस तरह यह अनोखी प्रेम कहानी शुरु हुई थी।
